लौकी की सब्जी सबसे हेल्दी सब्जियों में से एक मानी जाती है। इसमें लगभग 96% पानी और भरपूर मात्रा में फाइबर, विटामिन सी और पोटेशियम होता है इसलिए इसे सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है। इसका सेवन करने से पाचन बेहतर होता है साथ ही यह वेट लॉस में भी कारगर है। लौकी के जूस को बेहतरीन डिटॉक्सीफायर में एक गिना जाता है क्योंकि यह शरीर से हानिकारक टॉक्सिन्स को बाहर निकालने और लिवर किडनी की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाने में मदद करता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि लौकी का जूस पीते समय कुछ बातों का ध्यान नहीं रखेंगे तो फायदे की जगह नुकसान हो सकता है। सर्टिफाइड न्यूट्रिशनिस्ट और वेट लॉस स्पेशलिस्ट लीमा महाजन के मुताबिक, लौकी का जूस पीने से पहले कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। आइए जानते हैं जूस बनाते और पीते समय किन सावधानियों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
किस तरह की लौकी होती है खतरनाक?
लीमा महाजन कहती हैं कि दरअसल, लौकी कुकुरबिटासीन (Cucurbitacin) नामक केमिकल रिलीज करती है जो सेहत के लिए नुकसानदायक होती है। लौकी में यह केमिकल आपकी सेहत पर बुरा असर डालती है। अगर आपने इस तरह के लौकी का सेवन किया तो उल्टी हो सकती है और आपका बीपी एकदम लो हो सकता है जो आपको हॉस्पिटल पहुंचा सकता है।
लौकी का जूस पीने से किन बातों का ध्यान रखना है ज़रूरी?
इंडियन काउंसिल ऑफ़ मेडिकल रिसर्च भी कहता है कि लौकी का जूस या सब्जी बनाने से पहले आपको एक छोटा सा टेस्ट करना चाहिए ताकि यह पता चले सके कि लौकी का सेवन करना है या नहीं। लौकी को काटकर उसे खाएं। अगर लौकी कड़वी है तो भूलकर भी उसका इस्तेमाल न करें। दरअसल, कड़वी लौकी में कुकुरबिटासीन केमिकल होता है जो आपके शरीर में गंभीर जहर को फैला सकता है। सब्जी बनाने के बाद भी यह केमिकल खत्म नहीं होता है। इसलिए इसका सेवन न करें।
Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)









