CEC पर आरोप, SIR पर सवाल के बीच चुनाव आयोग की अहम बैठक, लिए गए कई बड़े फैसले, जानें डिटेल्स

Highlights

  • चुनाव आयोग की अहम बैठक
  • SIR पर लिए गए कई बड़े फैसले
  • दिल्ली-महाराष्ट्र में SIR की बढ़ी तारीख

मुख्य चुनाव आयुक्त पर लगे आरोप और एसआईआर को लेकर विवादों के बीच 26 सितंबर 2026 को दोपहर 3 बजे चुनाव आयोग की अहम बैठक हुई, जिसमें CEC के साथ दोनों चुनाव आयुक्त, एस एस संधू और विवेक जोशी तस्वीर के एक ही फ्रेम में नजर आए। आयोग की तरफ से कहा गया है कि पूरे आयोग की सहमति से ही SIR को लेकर बड़े फैसले लिए गए। चुनाव आयोग की बैठक में जो फैसले लिए गए, उनमें कहा गया है कि जिनको SIR का नोटिस मिला है उनके घर BLO खुद जाएंगे और BLO दस्तावेज कलेक्ट करके ECINET पर अपलोड करेंगे।

1. SIR को लेकर बड़े फैसले –

  1.  SIR के दौरान जिन लोगों को unmapped या logical discrepancy के कारण नोटिस मिला है, उनके घर खुद BLO जाएंगे। BLO ही दस्तावेज कलेक्ट करके ECINet पर अपलोड करेंगे। ऐसे लोगों को ERO/AERO ऑफिस सुनवाई के लिए नहीं बुलाया जाएगा। सिर्फ अपवाद वाली स्थिति में, ERO के फैसले पर, सुनवाई होगी और वो भी ऑनलाइन। जरूरत पड़ी तो परिवार का कोई भी बालिग सदस्य मतदाता की तरफ से सुनवाई में शामिल हो सकता है। ऑनलाइन सुनवाई की सुविधा को मजबूत किया जाएगा।
  2. DEOs को निर्देश दिया गया है कि नाइट शेल्टर में रहने वाले, मजदूर, गरीब, बेघर लोगों के लिए हेल्प डेस्क और स्पेशल कैंप लगाए जाएं।
  3. SIR के लिए Form 6 के साथ लगा Declaration Form सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा है। Non-SIR period के लिए पुराने नियम (Registration of Electors Rules 1960) के अनुसार फॉर्म ही इस्तेमाल होंगे।
  4. फील्ड अधिकारियों की ECINET पर role-based access है। अब Sr. Deputy Election Commissioner (DEC) की अध्यक्षता में और IIT/IIIT के स्वतंत्र एक्सपर्ट वाली एक कमेटी ECINET की समीक्षा करेगी कि वो कानून और नियमों के मुताबिक है या नहीं। पोर्टल में पहले ही State CEOs के सुझाव पर सुधार किए गए हैं। अगर फील्ड अधिकारियों को और flexibility चाहिए होगी तो दी जाएगी।
  5. अब से IT से जुड़ा कोई भी नया प्रोजेक्ट COO (Committee of Officers) में चर्चा के बाद ही आयोग से मंजूर होगा।
  6. आयोग की हर बैठक का एजेंडा पहले भेजा जाएगा और minutes जारी होंगे।
  7. सभी अधिकारियों की APAR (Annual Performance Appraisal Report) हर साल 31 दिसंबर तक पूरी करनी होगी।
  8.  अधिकारियों के विदेश दौरे के लिए आयोग की मंजूरी लेनी होगी।
  9. कमिश्नरों द्वारा अधिकारियों को दिए गए सभी निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा।
  10. तारीखें बढ़ीं – CEO दिल्ली की मांग पर क्लेम और ऑब्जेक्शन दाखिल करने की तारीख 30 अक्टूबर 2026 तक बढ़ा दी गई है, और निपटारे की तारीख 30 नवंबर 2026 तक।
  11. CEO महाराष्ट्र की मांग पर क्लेम-ऑब्जेक्शन की तारीख 12 अक्टूबर 2026 तक और निपटारे की तारीख 10 नवंबर 2026 तक बढ़ा दी गई है। 

2. SIR की स्थिति –


SIR बिहार और बंगाल सहित 20 राज्यों/UTs में पूरा हो चुका है। जिनका नाम SIR के दौरान या बाद में छूट गया है, या जो युवा/पहली बार के वोटर हैं, वो continuous updation के तहत अपने ERO को आवेदन कर सकते हैं। CEOs, DEOs, EROs को तुरंत इसके लिए स्पेशल ड्राइव चलाने का निर्देश दिया गया है।

3. आयोग ने दोहराया कि –

  •  कैबिनेट सेक्रेटरी को लिखा गया पत्र आयोग की किसी पॉलिसी या IT डिवीजन से संबंधित नहीं था, बल्कि ECI में डेपुटेशन पर आए एक अधिकारी के कामकाज से संबंधित था।
  • SIR का आदेश 24.06.2025 को सभी राज्यों/UTs के लिए, बिहार से शुरू करते हुए, सर्वसम्मति से जारी किया गया था, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने 27.05.2026 के आदेश से बरकरार रखा है। 12 राज्यों/UTs का शेड्यूल 27.10.2025 को और 19 राज्यों/UTs का शेड्यूल 14.05.2026 को सर्वसम्मति से जारी किया गया था। फेज-III के बाकी 12 राज्यों में फाइनल पब्लिकेशन के बाद ही वोटरों की अंतिम संख्या पता चलेगी।
  •  CEO गोवा ने BLOs को घर-घर जाकर छूटे हुए वोटरों के फॉर्म कलेक्ट करने का निर्देश दिया है, 97 में से 81 वोटर पहले ही Form 6 भर चुके हैं।

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Author: vatsalyanews

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