हफ्ते के पहले दिन, सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों में निराशा का माहौल देखा गया, जबकि करेंसी मार्केट में रुपया अब तक का सबसे निचला स्तर दर्ज किया गया। विदेशी फंडों की लगातार बिकवाली और ग्लोबल बाजारों से कमजोर संकेतों से बाजार पर दबाव रहा। सेंसेक्स 280 पॉइंट्स की गिरावट पर और निफ्टी 25,950 पर कारोबार कर रहा था।
बाजार में सबसे बड़ी चिंता रुपये में ऐतिहासिक गिरावट थी। भारतीय रुपया आज US डॉलर के मुकाबले और गिरकर 90.71 के नए रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गया। इंपोर्टर्स की डॉलर की भारी मांग और विदेशी निवेशकों द्वारा भारतीय बाजार से लगातार पैसा निकालने से रुपये पर भारी दबाव पड़ रहा है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, अगर यह ट्रेंड जारी रहा तो इंपोर्ट महंगा हो सकता है, जिसका सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों और महंगाई पर पड़ सकता है। सेंसेक्स की बात करें तो शुक्रवार को सेंसेक्स 85,267.66 पर बंद हुआ था, जो सोमवार को खुलते ही 84,840.32 पर पहुंच गया था। जो 427 पॉइंट्स की गिरावट दिखाता है। हालांकि, बाद में इसमें रिकवरी भी देखी गई। वहीं निफ्टी की बात करें तो शुक्रवार को इसकी क्लोजिंग 26046.95 पर हुई थी। जो सोमवार को खुलते ही 25,904.75 पर पहुंच गया था। जो 142 पॉइंट्स की गिरावट दिखाता है। हालांकि, बाद में इसमें भी रिकवरी देखी गई।










