वात्सल्यम् समाचार
मदन वैष्णव
नवसारी ज़िले के दाभेल गांव में रहने वाले मज़दूर दीपक राठौड़ की हत्या कर दी गई। इस हत्या के मामले में एक कसाई गैंग ने दीपक हलपति को गाय काटने के लिए मजबूर किया। जब दीपक राठौड़ ने गाय काटने से मना कर दिया, तो आदिवासी नौजवानों ने दुश्मनी रखते हुए दीपक राठौड़ की हत्या की साज़िश रची। इसी बीच, 16 तारीख़ को दीपक राठौड़ काम करके घर लौट रहा था, तभी मुख्य आरोपी शौकत के बेटे हुसैन और भतीजे हसन समेत एक ग्रुप ने पहले से तय साज़िश रचकर प्लान के मुताबिक कालाकच्छा कब्रिस्तान पहुंच गया। उसके बाद, मुख्य आरोपी कसाई शौकत डूम भी रिक्शे से वहां पहुंच गया। फिर, जब हलपति दीपक वहां से गुज़र रहा था, तो इस ग्रुप ने सबके सामने कुल्हाड़ी से उस पर हमला कर दिया और उसे बुरी तरह घायल कर दिया। दीपक को गंभीर हालत में पास के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई, जिससे उसके परिवार समेत आदिवासी समुदाय में दुख और भारी गुस्से का माहौल बन गया। इस जुर्म में मरोली पुलिस टीम ने मर्डर का केस दर्ज किया और हसन एकलवाया समेत दो नाबालिग आरोपियों को गिरफ्तार किया। S.C.S.T. सेल के Dy.S.P. हरेश चंदू ने मुख्य आरोपी शोक्ता डूम को गिरफ्तार करने के लिए दबिश दी थी। सबूत मिले कि यह बेशर्म आरोपी शोक्ता पहले भी गोहत्या के मामले में शामिल था। आखिरकार, मुख्य आरोपी शोक्ता डूम को पकड़कर सलाखों के पीछे डाल दिया गया और आगे की कार्रवाई की गई।









