डभोई की छह साल की आशिमा बानू खत्री ने अपनी ज़िंदगी का पहला रोज़ा रखकर खुदा की इबादत की
रिपोर्ट… फैज़ खत्री
डभोई इलाके से एक अच्छी खबर सामने आई है। डभोई जिनवाला इलाके में रहने वाले अलजुबैर खत्री की छह साल की बेटी आशिमा बानू ने शनिवार को अपनी ज़िंदगी का पहला रोज़ा रखकर खुदा की इबादत की।
मुस्लिम समुदाय का पवित्र महीना रमज़ान चल रहा है, जिसमें मुस्लिम समुदाय के लोग चिलचिलाती गर्मी में रोज़ा रखकर अल्लाह की इबादत कर रहे हैं। इसी तरह डभोई शहर में रहने वाले अलजुबैर खत्री की छह साल की बेटी आशिमा बानू ने भी अपनी ज़िंदगी का पहला रोज़ा रखकर अल्लाह की इबादत की।
अपने रोज़े के दौरान आशिमा बानू ने देश में अमन-चैन और हिंदू-मुस्लिम भाईचारे के बने रहने की दुआ मांगी। उन्होंने सांप्रदायिक एकता को मज़बूत करने और सभी के मिलजुलकर रहने की भी दुआ मांगी। इतनी कम उम्र में ही ऐसा विश्वास और समाज की भावना दिखाकर, आशिमा बानू दूसरे बच्चों के लिए प्रेरणा बन गई हैं।









