वात्सल्यम समाचार
मदन वैष्णव
डांग जिले के वघई तालुका के बोरीगांववथा गांव में 31 जनवरी को एक फॉरेस्ट वर्कर की बेरहमी से हुई हत्या की जांच कर रही वघई पुलिस टीम को एक और कामयाबी मिली है। गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों को आज कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उनकी 3 दिन की पुलिस रिमांड मंजूर हो गई है। बरखंड्या फॉरेस्ट नाका पर ड्यूटी पर तैनात फॉरेस्ट वर्कर सनतभाई गंसूभाई बिरारी जब अपनी ड्यूटी पूरी करके घर लौट रहे थे, तो उन्होंने साइकिल पर सागौन की लकड़ी चुरा रहे तीन लोगों को रोका। पकड़े जाने के डर से इन लकड़ी चोरों ने बांस के डंडे से सनतभाई बिरारी पर जानलेवा हमला कर उन्हें मार डाला। इस ‘ब्लाइंड मर्डर’ केस को सुलझाने के लिए डांग SP पूजा यादव के गाइडेंस में 10 टीमें बनाई गईं। टेक्निकल सर्विलांस और ड्रोन की मदद से पुलिस ने कुछ ही दिनों में कोसिमपताल गांव से तीन लोगों प्रवीणभाई उर्फ परेशभाई सोमाभाई पवार, हेमंतभाई सुकिरावभाई मोटाभाई और ऋत्विकभाई मंजूभाई पवार को गिरफ्तार कर लिया। वघई पुलिस स्टेशन के PIV के. गढ़वी और PSI एम.एस. राजपूत की टीम ने कल आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद आज उन्हें नामदार कोर्ट में पेश किया गया। वघई पुलिस टीम ने जुर्म की जड़ तक पहुंचने, हमले में इस्तेमाल किए गए हथियारों को जब्त करने और यह जांचने के लिए कि क्या कोई और भी इसमें शामिल था, 7 दिन की रिमांड मांगी थी। नामदार कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद आरोपियों को जमानत दे दी। 09/02/2026 को सुबह 11:00 बजे तक (कुल 3 दिन) पुलिस रिमांड मंजूर की गई है। फिलहाल, वघई पुलिस इस रिमांड के दौरान आरोपियों से सख्ती से पूछताछ कर रही है, ताकि हत्या और लकड़ी चोरी के नेटवर्क के पीछे के और भी फैक्ट्स सामने आ सकें।








