वात्सल्यम समाचार
दीपक पटेल-खेरगाम
खेरगाम गांव के बावली फलिया इलाके में चिखली रोड दादरी फलिया से बावली फलिया तक की स्ट्रीट लाइटें पिछले दो साल से पूरी तरह खराब हैं। इस वजह से पूरा इलाका रात में अंधेरे में रहता है, फिर भी जिम्मेदार अधिकारियों ने आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। इस बारे में ग्राम पंचायत सदस्यों और पंचायत ऑफिस को कई बार लिखकर और बोलकर बताने के बाद भी समस्या बनी हुई है। स्थानीय नेताओं द्वारा बार-बार बताने के बाद भी स्ट्रीट लाइटें चालू नहीं की गई हैं, जो प्रशासन की बड़ी लापरवाही दिखाता है। स्थानीय नेता और पूर्व ग्राम पंचायत सदस्य विनोदभाई पटेल ने कहा, “बावली फलिया में पिछले दो साल से स्ट्रीट लाइटें बंद हैं। हमने इस बारे में कई बार ग्राम पंचायत और संबंधित विभाग को बताया है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। हैरानी की बात यह है कि लाइटें न जलने के बावजूद ग्राम पंचायत रेगुलर स्ट्रीट लाइट टैक्स वसूल रही है, जो नागरिकों के साथ साफ तौर पर अन्याय है।” अजीब बात यह है कि स्ट्रीट लाइट बंद होने के बावजूद लोगों से टैक्स वसूला जा रहा है। तो सवाल यह उठता है कि बिना लाइट के टैक्स किस सर्विस के नाम पर वसूला जा रहा है? क्या लोगों का पैसा सिर्फ कागजों पर खर्च हो रहा है? रात के अंधेरे की वजह से स्टूडेंट्स, महिलाओं, पैदल चलने वालों और गाड़ी चलाने वालों को बहुत मुश्किल होती है। एक्सीडेंट की संभावना दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। क्या प्रशासन कोई बड़ा एक्सीडेंट होने के बाद ही जागेगा? अब देखना यह है कि ग्राम पंचायत और संबंधित डिपार्टमेंट बंद स्ट्रीट लाइट चालू करने के लिए तुरंत एक्शन लेंगे या बावली फलिया के लोगों को और लंबे समय तक अंधेरे में रहने के लिए मजबूर होना पड़ेगा?









