MORBI: मोरबी मुस्कान वेलफेयर सोसाइटी बनी सहारा — लकवाग्रस्त बहन को मिली उम्मीद की नई ‘व्हील’
“जो रोते हुए चेहरे पर हंसी ले आए, उसका नाम है ‘मुस्कान’…
और जो सड़क पर संघर्ष कर रहे किसी इंसान को गले लगाए और सहारा दे, उसका नाम भी है ‘मुस्कान’।”
मुस्कान वेलफेयर सोसाइटी की टीम को एक ऐसी बहन मिली जो लकवे (paralysis) जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थी और बेहद मुश्किल हालात में जी रही थी। उसकी हालत देखकर टीम के हर सदस्य का दिल पसीज गया।
उसी पल, मुस्कान परिवार ने फैसला किया कि वे इस बहन को फिर से सम्मान और सहारे से भरी ज़िंदगी जीने में मदद करेंगे।
गर्व की बात यह है कि सिर्फ़ 2 दिनों के अंदर—यानी 9 मई को—उस बहन को एक व्हीलचेयर भेंट की गई। जब उसके चेहरे पर राहत और खुशी की “मुस्कान” खिली, तो ऐसा लगा मानो हमारे संगठन का नाम सचमुच सार्थक हो गया हो।
मुस्कान वेलफेयर सोसाइटी हमेशा से ही मानवता की सेवा के पथ पर काम करती आई है, और ज़रूरतमंदों की ज़िंदगी में उम्मीद और सहारा लाने के लिए आगे भी निरंतर प्रयास करती रहेगी।









